वैदिक ज्योतिष
हर भाव का एक पृष्ठ
जन्म कुंडली में भाव लग्न से गिने जाते हैं। आज का राशिफल वही अंक चंद्र राशि से गिनता है। दोनों गिनतियाँ एक व्यक्ति में अलग हो सकती हैं।
- प्रथम भाव सूर्य केन्द्र और त्रिकोण
- द्वितीय भाव गुरु धन
- तृतीय भाव मंगल उपचय
- चतुर्थ भाव चंद्र केन्द्र
- पंचम भाव गुरु त्रिकोण
- षष्ठ भाव मंगल दुःस्थान और उपचय
- सप्तम भाव शुक्र केन्द्र
- अष्टम भाव शनि दुःस्थान
- नवम भाव गुरु त्रिकोण
- दशम भाव सूर्य केन्द्र और उपचय
- एकादश भाव गुरु उपचय
- द्वादश भाव शनि दुःस्थान